नीता झा -प्रथम, चुन्नी झा -द्वितीय आ तृप्ति झा-तृतीय केँ पारम्परिक सामा-चकेबा डाला के सम्मान
लहरि रूम (रांची) : कार्तिक पूर्णिमा के दिन संध्या काल झारखण्ड के राजधानी रांची स्थित झारखण्ड मैथिली मंच के कार्यालय सह दलान विद्यापति दलान पर सामा-चकेबा विषर्जन सह रंगारंग कार्यक्रम के आयोजन भेल। प्रथम वर्ष अछि जे रांची जिला अंतरगर्त मात्र एकटा मैथिल संस्था मात्र अहि लोक पर्व के आयोजन कयलक अछि। पूर्व मे रांची के आओर संस्था सब सेहो अहि लोक पर्वक आयोजन करैत छल।

भव्य कार्यक्रमक भेल आयोजन
सर्व प्रथम अहि आयोजन मे आमंत्रित अतिथि लोकनि केँ मंच पर बैसा क’ शाल आ फूल भेंट क’ स्वागत कयल गेल। एकर बाद अतिथि आ मंच केरऽ अधिकारी लोकनि के द्वारा संयुक्त रूप सँ महाकवि विद्यापति केर चित्र पर पुष्प अर्पित क’ दीप प्रज्वलित क॑ कार्यक्रम केर शुभारम्भ कयल गेल । शतीष कुमार मिश्रक शंख ध्वनि आ मंत्रक जप सँ समस्त वातावरण गुंजायमान भेल । तत्पश्चात मिथिला परंपरा के अनुसार विद्यापति द्वारा रचित भगवती वंदना जय जय भैरवी असुर भयावणी के समूह गायन के संग औपचारिक उद्घाटन भेल | अध्यक्ष बिनय कुमार झा अतिथि आ सभा के स्वागत केलनि। मंच के संरक्षक आ निवर्तमान पार्षद अरुण कुमार झा अपन विचार रखलनि। मुख्य अतिथि डॉ. प्रीति झा अपन उदबोधन मे लोक पर्व सामा-चकवा महोत्सव के बारे मे विस्तार सँ अपन जानकारी साझा केलनि। एकर बाद महासचिव जयंत कुमार झा अपन विचार प्रस्तुत कयलनि ।

मैथिल बाल कलाकार लोकनिक द्वारा रामलीला आधारित नृत्य नाटिका (जाहि मे रावण के सीता के अपहरण आ राम के दिवाली मनाबय लेल अयोध्या वापसी के चित्रण छल) लोक नृत्य प्रस्तुति, मैथिली प्रेरित गीतक प्रस्तुति भेल । स्थानीय कलाकार नेहा झा, विभा झा एवं डेजी झा द्वारा सामा-चकवा सँ जुड़ल पारंपरिक गीत जेना “सामा खेलाय गेलों भैया के अंगमा”, “भोजो लेलनी डाला छिन्” आदि सँ ग्रामीण गीतकप्रस्तुति भेल | दिल्ली सँ आयल प्रख्यात गायक कुमकुम मिश्रा विद्यापति गीत आ सामा-चकवा सँ जुड़ल लोकगीत सँ दर्शक रूपी श्रोता के आन्ददित कयलनि । मैथिली समदाउन गीतक संग सामा के विषर्जन जोतल खेत मे कयल गेल | एहि दौरान पूरा पंडाल उदास आ भावुक भ’ गेल। प्रसाद के वितरण के बाद निर्णायक मंडल के निर्णय के अनुसार प्रतिभागी के प्रथम, द्वितीय, तृतीय आ सांत्वना पुरस्कार देल गेल। धन्यवाद ज्ञापन प्रेम चन्द्र झा देलनि। मंच के प्रबंधन बद्रीनाथ झा केने छलाह। अंत मे लोक सामूहिक रूप सँ स्वादिष्ट भोजन केँ आनंद लेलनि । आयोजन के सफल बनेबा मे बिनय कुमार झा, जयंत कुमार झा, संतोष कुमार मिश्र, बद्रीनाथ झा, नरेश झा, प्रेम चंद्र झा, भारतेंदु कुमार झा, नंद किशोर महतो, शतीश कुमार मिश्र, ब्रज कुमार झा, राज कुमार मिश्र, कौशल किशोर झा, मोहन झा जेहन अनेक सदस्य के भूमिका परोसी, संतोष कुमार झा, दया शंकर चौधरी, अभय कुमार झा, मकर चौधरी, नारायण तिवारी, बबिता झा, बिट्टू झा, सुनीता झा, अनिता झा, रेणु झा, नमिता मिश्रा, मंजू झा आदि के प्रयास सराहनीय छल ।


